HRT क्लिनिकल पाथवे (उपचार मार्ग)
यह मार्ग WPATH SOC 8 [1] और Endocrine Society 2017 [2] पर आधारित है, और ट्रांसफेमिनिन HRT को शुरू करने तथा बनाए रखने के लिए एक मानकीकृत ढाँचा देता है।

阶段 0: बेसलाइन मूल्यांकन
कोई भी दवा शुरू करने से पहले एक पूरा बेसलाइन पैनल करवा लें — ताकि contraindications (वर्जनाओं) को पहले ही रद्द किया जा सके और आपके अपने व्यक्तिगत संदर्भ मान तय हो जाएँ।
सेक्स हार्मोन (E2, T, SHBG, LH/FSH)
यकृत व गुर्दा कार्य, लिपिड पैनल
स्कंदन (coagulation) पैनल व D-dimer
उपवास रक्त शर्करा (fasting glucose) + CBC
阶段 1: कम-खुराक से शुरुआत
1-6 माह| मार्ग | प्रारंभिक खुराक | स्रोत |
|---|---|---|
| मुख-मार्ग (Oral) एस्ट्राडियोल | 2.0 mg / day | [2] |
| ट्रांसडर्मल पैच | 50-100 µg / 24h | [2] |
| टॉपिकल जेल | 1.5 mg / day | [2] |
| IM एस्ट्राडियोल वैलेरेट | 1-2 mg / week | [3] |
एंटी-एंड्रोजन (अगर ज़रूरत हो): CPA 5-12.5 mg/day या स्पाइरोनोलैक्टोन 50-100 mg/day। [2] = Hembree et al. 2017 [2] ; [3] = Rothman 2024 [3]
लक्ष्य E2
50-100 pg/mL
लक्ष्य T की प्रवृत्ति
↓ घटती हुई
सुरक्षा चेतावनी: रिसेप्टर में होने वाले बदलावों के साथ तालमेल बिठाने में आपके शरीर को समय लगता है। रक्त जाँच के बिना खुराक कभी न बढ़ाएँ। अगर आपको लगे कि “कुछ नहीं हो रहा”, तब भी खुराक न बढ़ाएँ। स्तन कलिका (breast bud) के शुरुआती संकेत आमतौर पर 3-6 माह में दिखने लगते हैं।
3 माह
निर्णय
阶段 2: खुराक का समायोजन
6-12 माह3-माह की लैब रिपोर्ट के आधार पर खुराक को समायोजित करें। लक्ष्य यह है कि ट्रांसफेमिनिन व्यक्तियों के लिए मानक शारीरिक (physiologic) सीमा तक पहुँचा जाए।
| मार्ग | समायोजित खुराक |
|---|---|
| ट्रांसडर्मल पैच | 100-200 µg / day |
| मुख-मार्ग (Oral) एस्ट्राडियोल | 4 mg / day |
| टॉपिकल जेल | 3 mg / day |
| IM एस्ट्राडियोल वैलेरेट | 2-4 mg / week |
लक्ष्य E2
100-200 pg/mL
लक्ष्य T
<50 ng/dL
प्रोजेस्टेरोन (वैकल्पिक)
स्तन विकास के आधार पर विचार करें (Tanner 3+)
6 माह
स्थिरता
阶段 3: दीर्घकालिक रखरखाव
12 माह+एक बार स्तर और शारीरिक बदलाव स्थिर हो जाएँ, तो कम-आवृत्ति वाली निगरानी पर आ जाएँ। E2 को 100-200 pg/mL और T को <50 ng/dL बनाए रखने के लिए न्यूनतम प्रभावी खुराक पर बने रहें।
निगरानी की आवृत्ति
6
माह
हर 6 माह में पूरा हार्मोन पैनल और VTE जोखिम कारकों की जाँच। हर साल लिपिड और उपवास रक्त शर्करा। हड्डी घनत्व (bone density) स्क्रीनिंग पर विचार करें।
E2 >200 pg/mL से और ज़्यादा स्त्रीकरण (feminization) नहीं होता — यह सिर्फ़ जोखिम बढ़ाता है (Endocrine Society 2017, Rec 2.2)
प्रारंभिक चरण का अंत
निरंतर निगरानी